वाराणसी में बनेगा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर, पीएमओ से मिली मंजूरी

विकास पाठक, वाराणसी
प्रधानमंत्री के दूसरे कार्यकाल में उनके संसदीय क्षेत्र वाराणसी में विकसित करने को प्रधानमंत्री कार्यालय () की मंजूरी मिल गई है। वाराणसी को केंद्र में रखकर पूर्वांचल में औद्योगिक विकास की कार्ययोजना जल्‍द सामने आएगी।

पीएम मोदी के फरवरी महीने में वाराणसी दौरे की तैयारी को लेकर पीएमओ के अधिकारियों और बीजेपी के वरिष्‍ठ नेताओं की टीम वाराणसी पहुंची है। यह टीम दो दिनों तक यहां रहकर पुरानी और नई योजनाओं के बारे में फीडबैक लेगी। सूत्रों के मुताबिक, पीएमओ टीम की अगुवाई कर रहे तन्‍मय मेहता और गुजरात के सांसद सी.आर. पाटिल ने स्‍थानीय अधिकारियों के साथ बातचीत में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने को पीएमओ की सहमति के संकेत दिए।

20 किलोमीटर में बनेगा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर
सूत्रों ने बताया कि वाराणसी में उद्योग धंधे की स्‍थापना और राष्‍ट्रीय कंपनियों को लाकर रोजगार के अवसर बढ़ाने पर केंद्र सरकार का फोकस है। इसके लिए फिलहाल निर्माणाधीन शहर की आउटर रिंग रोड फेज-टू को चुना गया है। करीब 20 किलोमीटर लंबी रिंग रोड के किनारे जमीन अधिग्रहीत कर इं‍डस्ट्रियल कॉरिडोर बनाने पर जल्‍द काम शुरू होने की उम्‍मीद है।

बता दें कि वाराणसी समेत आसपास के जिलों में दो दशक से ज्‍यादा समय से कोई नई हेवी इंडस्‍ट्री न आने और बंद पड़ी मिलों को चालू न किए जाने से रोजगार का संकट है। रोजी-रोटी का सबसे बड़ा जरिया यानी कुटरी उद्योगों की दशा भी बेहद खराब है। कभी पूर्वी उत्तर प्रदेश के औद्योगिक नक्‍शे पर रहीं चीनी, सरसों तेल, कताई और उलेन मिलों का तो नामोनिशान मिट चुका है।

Source: International

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *