
नगर संवाददाता, गाजियाबाद
विजयनगर और सिटी जोन में सीवर के काम से हटाए गए पौने 200 सीवर कर्मचारियों को वॉटर वर्क्स विभाग ने हेल्थ विभाग को ट्रांसफर कर दिया है। अब वह साफ सफाई का काम देखेंगे। अधिकारियों के मुताबिक कई कर्मचारी सफाई का काम न कर निजी लोगों के लिए सीवर की सफाई कर रहे हैं। इसकी शिकायत मिलने के बाद वॉटर वर्क्स विभाग ने जांच बैठा दी है। ऐसे कर्मचारियों को रंगे हाथ पड़कने के लिए कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
क्या है मामला
नगर निगम के पास पांचों जोन में सीवर की सफाई के लिए 405 कर्मचारी हैं। अब यह काम एक प्राइवेट कंपनी को दे दिया गया है। कंपनी ने विजय नगर और सिटी जोन एरिया की सीवर लाइन को टेकओवर कर लिया। ऐसे में इस एरिया में तैनात नगर निगम के करीब पौने दो सौ सीवर कर्मचारियों को वॉटर वर्क्स ने इस काम से हटाकर हेल्थ विभाग को ट्रांसफर कर दिया।
वेतन निगम से, काम निजी
वॉटर वर्क्स के अधिशासी अभियंता आनंद त्रिपाठी ने बताया कि पता चला है कि कई सीवर कर्मचारी हेल्थ विभाग में काम नहीं कर रहे हैं। वह प्राइवेट लोगों के लिए सीवर सफाई का कार्य कर कमाई कर रहे हैं। ऐसी कई शिकायतें विजय नगर और सिटी जोन से मिल रही हैं। इसको लेकर अब नगर निगम ने जांच बैठा दी है। अधिशासी अभियंता त्रिपाठी का कहना है कि जिन कर्मचारियों पर निजी तौर पर काम कर लाभ कमाने का आरोप है, उनपर नजर रखी जा रही है, ताकि उन्हें मौके पर ही पकड़ा जा सके। ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए नगर आयुक्त को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
Source: International